गीत विंग · गीत-पट्टिका · Song Plate
बदरिया छाई रही घनघोर
Badariya Chai Rahi Ghanghor
एम. सग़ीर आसिफ़ के संगीत के इस वर्षा-भरे गीत में बहाना की संगीत-पट्टी पर घनघोर मानसूनी बादल घिर आते हैं।
भावरोमांटिक · Yearning
भाषाhindi गतिमध्यम स्वरूपSolo
श्रेय
The Creditsसूत्र-वाक्य · The Hook
सूत्र-वाक्य
एम. सग़ीर आसिफ़ के संगीत के इस वर्षा-भरे गीत में बहाना की संगीत-पट्टी पर घनघोर मानसूनी बादल घिर आते हैं।
In EnglishDark monsoon clouds gather over Bahana's soundtrack in this rain-laden number from M. Sagir Asif's score.
पट्टिका-लेख
The Monographपरिचय Overview
'बदरिया छाई रही घनघोर' बहाना (1942) के नौ दस्तावेज़ी गीतों में से एक है। इसका शीर्षक — घने घिरते वर्षा-बादलों की बात करता — इसे मानसून-विरह वाले फ़िल्म-गीत की लंबी परंपरा में रखता है, जो 1940 के दशक के आरंभिक हिंदी सिनेमा का एक प्रमुख मनोभाव था। यह गीत फ़िल्म की गीत-सूची में सुरक्षित है, लेखक-निर्देशक ए. एम. ख़ान के बोलों और एम. सग़ीर आसिफ़ के संगीत के साथ।
अंग्रेज़ी में पढ़ें · Read in English
'Badariya Chai Rahi Ghanghor' is one of the nine documented songs of Bahana (1942). Its title — speaking of dense gathering rain clouds — places it in the long tradition of the monsoon-yearning film song, a staple mood of early-1940s Hindi cinema. The track is preserved in the film's song listing, with lyrics by writer-director A. M. Khan and music by M. Sagir Asif.
संगीत The Music
बहाना के लिए एम. सग़ीर आसिफ़ द्वारा रचित, यह गीत उस मानसून मुहावरे से संबंधित है जिसे 1942 के संगीतकार सामान्यतः मल्हार-परिवार के रंग, उठती हुई स्ट्रिंग्स और झूलती लय के साथ प्रस्तुत करते थे ताकि घिरते बादलों की अनुभूति हो। संयोजन उस युग के हारमोनियम-प्रधान स्टूडियो ढाँचे का अनुसरण करता।
अंग्रेज़ी में पढ़ें · Read in English
Composed by M. Sagir Asif for Bahana, the song belongs to the monsoon idiom that 1942 composers typically rendered with malhar-family colouring, swelling strings and a swaying rhythm to evoke gathering clouds. The arrangement would have followed the harmonium-led studio template of the era.
वर्गीकरण
Classification- Tempo
- Medium
Genre
नमूना-पट्टी
The Specimen Table| शीर्षक | बदरिया छाई रही घनघोर · Badariya Chai Rahi Ghanghor |
|---|---|
| फ़िल्म | बहाना · 1942 |
| वर्ष · युग | 1942 |
| गीतकार | A. M. Khan |
| संगीतकार | M. Sagir Asif |
| स्वरूप | Solo |
| गति | मध्यम |
| भाषा | hindi |
| भाव | रोमांटिक · Yearning |
| लोकप्रियता | Obscure |
| बोल-स्थिति | केवल झलक |
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