गीत विंग · गीत-पट्टिका · Song Plate
दिखाये गयो रे
Dikhaye Gayo Re
बेहराम ईरानी और दामोदर शर्मा द्वारा जादुई किस्मत के लिए रचा गया एक छेड़छाड़ भरा मुहावरा।
भावचुलबुला · रोमांटिक
भाषाhindi गतिमध्यम स्वरूपSolo
श्रेय
The Creditsसूत्र-वाक्य · The Hook
सूत्र-वाक्य
बेहराम ईरानी और दामोदर शर्मा द्वारा जादुई किस्मत के लिए रचा गया एक छेड़छाड़ भरा मुहावरा।
In EnglishA teasing turn of phrase set by Behram Irani and Damodar Sharma for Jadui Kismat.
पट्टिका-लेख
The Monographपरिचय Overview
'दिखाये गयो रे' जादुई किस्मत (1944) के आठ रिकॉर्ड किए गए गीतों में से एक है — ए. एम. ख़ान की संगीतमय फ़िल्म, संगीत बेहराम ईरानी और दामोदर शर्मा का तथा बोल एहसान रिज़वी के। इसका बोलचाल का, बोली-रंग वाला शीर्षक ('रे' संबोधन और देहाती 'गयो') इसे लोक-स्वाद वाले उस गीत के रूप में चिह्नित करता है, जैसे उस दौर की स्टूडियो संगीतमय फ़िल्में हल्के दृश्यों के लिए पसंद करती थीं। बची हुई सूचियों में किसी पार्श्व-गायक का उल्लेख नहीं है।
अंग्रेज़ी में पढ़ें · Read in English
'Dikhaye Gayo Re' is one of the eight recorded songs of Jadui Kismat (1944), the A. M. Khan musical with music by Behram Irani and Damodar Sharma and lyrics by Ehsan Rizvi. Its colloquial, dialect-inflected title (the 're' address and the rustic 'gayo') marks it as a folk-flavoured number of the kind the studio musicals of the period favoured for lighter scenes. No playback singer is documented in the surviving listings.
संगीत The Music
बेहराम ईरानी–दामोदर शर्मा की जोड़ी एहसान रिज़वी के लोक-स्वाद वाले बोल को एक हल्की, बातचीत जैसी धुन देती है, जहाँ बोली का रंग सारंगी की छाया के साथ एक उछाल भरी मध्यम-गति में गूँजता है। संयोजन 1944 के स्टूडियो संगीत की विरल, स्वर-प्रधान ध्वनि के भीतर रहता है।
अंग्रेज़ी में पढ़ें · Read in English
The Behram Irani–Damodar Sharma team gives Ehsan Rizvi's folksy lyric a light, conversational melody, the dialect colour echoed in a buoyant medium tempo with sarangi shading. The arrangement stays within the spare, voice-forward sound of the 1944 studio score.
वर्गीकरण
Classification- Tempo
- Medium
Genre
नमूना-पट्टी
The Specimen Table| शीर्षक | दिखाये गयो रे · Dikhaye Gayo Re |
|---|---|
| फ़िल्म | जादुई किस्मत · 1944 |
| वर्ष · युग | 1944 |
| गीतकार | Ehsan Rizvi |
| संगीतकार | Behram Irani, Damodar Sharma |
| स्वरूप | Solo |
| गति | मध्यम |
| भाषा | hindi |
| भाव | चुलबुला · रोमांटिक |
| लोकप्रियता | Obscure |
| बोल-स्थिति | केवल झलक |
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